पिता को डिस्चार्ज कराने आया बेटा भूल गया था रुपये से भरा बैग, चौकी इंचार्ज कबीरचौरा ने ढूंढ कर किया सुपुर्द

वाराणसी। उत्तर प्रदेश पुलिस के जवानों की ईमानदारी की मिसाल और उनकी त्वरित कार्रवाई की हमेशा चर्चा होती है। ऐसा ही कुछ कार्य किया आज सब इन्स्पेक्टर धर्मराज सिंह ने जब एक बेटा जो कबीरचौरा अस्पताल में अपने पिता को डिस्चार्ज करवाने आया था और अपना रुपयों से भरा सूटकेस वार्ड में ही भूल गया था।

इस बात की शिकायत उक्त व्यक्ति ने कबीरचौरा चौकी पर चौकी इंचार्ज से की थी, जिसके बाद चौकी इंचार्ज ने रुपयों से भरा सूटकेस ढूंढ कर भुक्तभोगी को वापस कर दिया। चौकी इंचार्ज कबीरचौरा धर्मराज सिंह की इस बात के बाद जमकर तारीफ हो रही है।

इस सम्बन्ध में कोतवाली थाना अंतर्गत कबीरचौरा मंडलीय चिकित्सालय की पुलिस चौकी के इंचार्ज धर्मराज सिंह ने बताया कि आज सुबह हमारे पास बिहार के औरंगाबाद निवासी दिवाकर पांडेय आये थे और हमसे शिकायत की कि वह अपने पिता जो कि यहां 29 जुलाई से एडमिट थे वार्ड नंबर 1 की बेड नंबर 11 पर उन्हें डिस्चार्ज करवाने आये थे। इस दौरान वो अपना रुपयों से भरा सूटकेस बेड के बगल में मौजूद खिड़की पर भूल गए। उसमे 1 लाख 96 हजार रुपये थे।

धर्मराज सिंह ने बताया कि इस सूचना पर हमने वार्ड में जाकर पूछताछ की और सभी पहलू पर जांच की तो अस्पताल के एक कर्मचारी पर शक गहरा गया। उससे कड़ाई से पूछताछ की गयी तो उसने बैग चुराने की बात क़ुबूल कर ली। इसक बाद उसके कब्ज़े से सूटकेस बरामद कर भुक्तभोगी को दे दिया गया।

चौकी प्रभारी धर्मराज सिंह के इस कार्य की प्रशंसा पुलिस विभाग और आम जनता में हो रही है।